प्राकृत,पूर्ण,सम,विषम संख्याएं(Natural, whole, even, odd numbers)

प्राकृत,पूर्ण,सम,विषम संख्याएं(Natural, whole, even, odd numbers)

दोस्तों इस पोस्ट के माध्यम से में आपको संख्या पद्धति की कुछ संख्याएँ प्राकृत संख्या,पूर्ण संख्या,सम संख्या, विषम संख्या,पूर्ववर्ती संख्या,अग्रवर्ती संख्या के बारे में बताने जा रहा हूँ | आशा करता हूँ की आपको यह पोस्ट पसंद आये!



(1).प्राकृत/प्राकृतिक संख्या :-

'1' से शुरू होकर अनन्त तक चलने वाली संख्या को प्राकृत संख्या कहते है !
या 
प्राकृत/प्राकृतिक संख्या उन संख्याओ को कहते जिन संख्याओ को किसी वस्तु को गिनने में काम लिया जाता है !
प्राकृत संख्या को N से प्रदर्शित करते है !
नोट:- 
          सबसे छोटी प्राकृत संख्या = 1(एक)
          सबसे बड़ी प्राकृत संख्या = अनन्त

(2).पूर्ण संख्या :-

'0' से शुरू होकर अनन्त तक चलने वाली संख्या को पूर्ण संख्या कहते है !
                           पूर्ण संख्या को W से प्रदर्शित करते है !
नोट:- 
         सबसे छोटी पूर्ण संख्या = 0 (शून्य)
         सबसे बड़ी पूर्ण संख्या = अनन्त

(3).सम संख्या :-

ऐसी संख्या जिसका इकाई का अंक 0,2,4,6,8 हो तो वह सम संख्या कहलाती है !
      Ex- संख्या 468532 में इकाई का अंक 2 है तो यह सम संख्या होगी !

(4).विषम संख्या :- 

ऐसी संख्या जिसका इकाई का अंक 1,3,5,7,9 हो तो वह विषम संख्या कहलाती है !
      Ex- संख्या 218531 में इकाई का अंक 1 है तो यह विषम संख्या होगी !

(5).पूर्ववर्ती संख्या :-

किसी संख्या में से 1 घटाने पर प्राप्त संख्या पूर्ववर्ती संख्या कहलाती है!
      Ex- 4528 की पूर्ववर्ती संख्या = 4528-1=4527

(6).उत्तरवर्ती संख्या :-

किसी संख्या में 1 जोड़ने पर प्राप्त संख्या उत्तरवर्ती संख्या कहलाती है!
     Ex- 4528 की पूर्ववर्ती संख्या = 4528+1=4529
 नोट:- उत्तरवर्ती संख्या को अग्रवर्ती, परवर्ती अन्य नामो से भी जाना जाता है!


(7).पूर्णाक संख्या :-

जब पूर्ण संख्याओ को धनात्मक एवं ऋणात्मक चिन्हों के साथ प्रकट किया जाता है तो ऐसे संख्याओ को पूर्णाक या पूर्ण संख्याओ का समुच्चय कहते है !
जैसे :-∞,..........,-4,-3,-2,-1,0,1,2,3,4,..........∞
 सबसे बड़ा धनात्मक पूर्णाक =अनंत
सबसे छोटा धनात्मक पूर्णाक = 1
सबसे बड़ा ऋणात्मक पूर्णाक = -1
अबसे छोटा ऋणात्मक पूर्णाक = अनंत

(8).भाज्य/यौगिक/संयुक्त/भौतिक संख्या :-

ऐसी संख्या जिसमे स्वयं के अतिरिक्त दूसरी संख्या (1 को छोड़कर )  का भाग पूरा-पूरा चला जाता है !
या
वे प्राकृत संख्याएं जो 1 वह अपने अलावा किसी अन्य संख्या से भी विभाजित हो सके अर्थात जिनके आसानी से अन्य अभाज्य गुणनखण्ड (टुकड़े) हो सके भाज्य संख्याएं कहलाती है !
या 
एक से बड़ी वे सभी संख्याएं जिसमे 1 या स्वयं के अतिरिक्त कम-से-कम एक और संख्या का भाग चला जाये भाज्य संख्या कहते है !
जैसे:-4,6,8,10,12,14,15..................

(9)अभाज्य/रूढ़ संख्याएँ :-

ऐसी संख्या जिसमे स्वयं के अतिरिक्त दूसरी संख्या (1 को छोड़कर )  का भाग पूरा-पूरा नही जाता है !
या 
वे प्राकृत संख्याएं जो केवल स्वयं से या 1 से विभाजित हो अन्य से नही अर्थात जिनके आसानी से अन्य अभाज्य गुणनखंड (टुकड़े) नही हो सके अभाज्य संख्याएँ कहलाती है !
जैसे :-2,3,5,7,11,13,17,23,29,31,37,41,43,47,....................
नोट :- 1न तो भाज्य संख्या है न ही अभाज्य संख्या है !

(10)असह्भाज्य संख्याएँ :-

जब दो प्राकृत संख्याओं का म.स.प. 1 हो तो वे दोनों संख्याएं असह्भाज्य संख्याएं कहलाती है !
जैसे :-(2,5) (3,7) (4,9) ................इत्यादि !